spot_img

उत्तराखंड में इन शिक्षकों पर भी कसा शिकंजा, सामने आई धोखाधड़ी, अब एसआईटी करेगी जांच

न्यूज जंक्शन 24, देहरादून। प्रदेश में तीन हजार से अधिक शिक्षकों के प्रमाणपत्रों की एसआईटी जांच (SIT investigation of teachers certificates) करेगी। अब तक की गई जांच में अमान्य एवं फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर नियुक्ति के 124 मामले पकड़ में आए हैं। इनके खिलाफ शिक्षा महानिदेशालय को मुकदमा दर्ज करने की सिफारिश की गई है। इनमें से अभी तक 81 शिक्षकों के खिलाफ ही मुकदमा हुआ है। अब अन्य 43 शिक्षकों के खिलाफ भी मुकदमा हो सकता है।

प्रदेश में कई शिक्षक अमान्य एवं फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर सरकारी एवं अशासकीय स्कूलों में नियुक्ति पाकर बच्चों को पढ़ा रहे हैं। पूर्व में सरकार ने इस प्रकरण की एसआईटी को जांच (SIT investigation of teachers certificates) के आदेश दिए गए थे। अपर पुलिस अधीक्षक एवं एसआईटी प्रभारी लोकजीत सिंह के मुताबिक एसआईटी की ओर से छह हजार शिक्षकों के प्रमाणपत्रों की जांच पहले ही की जा चुकी है। अब तीन हजार से अधिक शिक्षकों के प्रमाणपत्रों की जांच जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि तीन हजार से अधिक इन शिक्षकों के 26 हजार से अधिक प्रमाणपत्रों की जांच (SIT investigation of teachers certificates) की जाएगी।

अपर पुलिस अधीक्षक एवं एसआईटी प्रभारी लोकजीत सिंह के मुताबिक एसआईटी को अमान्य एवं फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर नियुक्ति की 468 शिकायतें मिली हैं। शिकायत के आधार पर जांच (SIT investigation of teachers certificates) कर कार्रवाई के लिए शिक्षा महानिदेशक को लिखा जाएगा। शिक्षकों की नियुक्ति में फर्जीवाड़े की जांच कर रही एसआईटी को जांच में शिक्षा विभाग का सहयोग नहीं मिल रहा। यही वजह है कि एसआईटी की सिफारिश के बावजूद जहां फर्जीवाड़ा करने वाले शिक्षकों के खिलाफ मुकदमे दर्ज नहीं हो पा रहे हैं। वहीं इस तरह के प्रकरणों की जांच में भी देरी हो रही है।

से ही लेटेस्ट व रोचक खबरें तुरंत अपने फोन पर पाने के लिए हमसे जुड़ें

हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें।

हमारे यूट्यब चैनल से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें।

हमारे टेलीग्राम ग्रुप से जुड़ने के लिए क्लिक करें।

हमारे फेसबुक ग्रुप से जुड़ने के लिए क्लिक करें।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest Articles

error: Content is protected !!